हमें इ-मेल द्वारा फोल्लोव करें! और हज़ारो लोगो की तरह आप भी इस ब्लॉग को सीधे इ-मेल द्वारा पढ़े!

Thursday, 28 April 2016

अब रहा नहीं डर, किसी डर से मुझे..





ये क्या मिला शीशे के घर से मुझे,
लगता है डर हर एक पत्थर से मुझे..

किस की ताक़त थी मारे ज़हर से मुझे,
मगर मार डाला उसने अपनी नज़र से मुझे..

में आसमां की छत भी चूम सकता हूँ,
नवाज़ दे परिन्दा कोई अपने पर से मुझे..

वो मेरे दर पर आया है लेने उजाला,
जो डराता था कभी अँधेरे सफर से मुझे..

गलती से कहीं सच बोल दिया था, 
समझाने आये लोग घर घर से मुझे..

मैंने काँटों के साथ रिश्ते निभाए, 
बदले में फूल मिले रहगुज़र से मुझे..

ज़हर पी लो, अमृत ज़माने को दो,
बड़ी अच्छी सीख मिली शंकर से मुझे..

खतरों से खेलने की पड़ गयी है आदत, 
अब रहा नहीं डर किसी डर से मुझे..




13 comments:

  1. This article is meaningfull, interesting. thank you for sharing
    This article is meaningfull, interesting. thank you for sharing
    gmail iniciar sesion

    ReplyDelete
  2. I was working and suddenly I visits your site frequently and recommended it to me to read also. The writing style is superior and the content is relevant. Thanks for the insight you provide the readers!

    retrica  | happy wheels |  superfighters 2   | unblocked games |cat mario | atari breakout game |

    ReplyDelete
  3. free happy wheels at happywheelsdemo.in free total jerkface
    happywheelsgame.inPlus
    Play Free sudoku hearts minesweeper freecell spades yahtzee
    freecell Play minesweeper freecell spades Free games

    ReplyDelete
  4. wow very nice...
    http://www.shayarihishayari.com/

    ReplyDelete
  5. kya bata hain
    ab raha nahi dar kisi dar se .... bahut sundar rachana
    Miss You Sorry Facebook Whatsapp Status In Hindi

    ReplyDelete
  6. Interesting article! Thank you for sharing them! I hope you will continue to have similar posts to share with everyone! I believe a lot of people will be surprised to read this article!
    slither io

    ReplyDelete

इस पोस्ट पर कमेंट ज़रूर करे..
केवल नाम के साथ भी कमेंट किया जा सकता है..

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...
My facebook ID:Sumit Tomar